DEHRADUN NEWS

Big news :-जिला पंचायत का कारनामा, ठेकेदार को पहले ही कर दिया पेमेंट , विकासनगर की इस सड़क का मामला , अब हो रही जांच

विकासनगर-जिला पंचायत का कारनामा, ठेकेदार को पहले ही कर दिया पेमेंट, नवाबगढ़ पहुँची जिला पंचायत देहरादून की टीम को गायब मिली सड़क
बताते चलें शनिवार को जिला पंचायत की एक सड़क की जाँच के मामले में जिला पंचायत देहरादून के अधिकारियों की टीम नवाबगड डाक्टरगंज पहुँची जहाँ चौंकाने वाले बिंदु सामने आये हैं। दरअसल ह्यूमन राइट्स एंड आरटीआई एसोसिएशन ने कुछ माह पूर्व नवाबगढ़ ग्राम सभा के डॉक्टरगंज क्षेत्र में संजय थापा के घर से गुलशन नंदा के घर तक की सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार का तथाकथित मामला उठाया था।

जिसका एक ठेकेदार के नाम 8 लाख 34 हजार 7 सौ रुपए का बांड किया गया था हैरानी की बात यह की सड़क के लिये ठेकेदार को 2 लाख 40 हजार रुपये का एडवांस भुगतान भी कर दिया गया था। लेकिन लम्बे समय बाद भी मौके पर सड़क के नाम‌ पर एक पत्थर तक नहीं लगाया गया मतलब सड़क सिर्फ फाइलों तक सीमित रही। इतना ही नहीं माममे में एसोसिएशन के महासचिव भास्कर चुग ने rti मे मिली जानकारी के आधार पर बेहद आश्चर्यजनक पहलु पर प्रकाश डालते हुए बताया की उक्त सड़क का दोबारा 1 साल बाद एक अन्य ठेकेदार के नाम बांड कर दिया गया l

लिहाजा इस प्रकरण में एसोसिएशन के महासचिव भास्कर चुग ने जिला पंचायत देहरादून से इस सड़क कार्य का भौतिक निरीक्षण स्थलीय रूप से कराने की कानूनी मांग की थी इसी प्रकरण में जब आज शनिवार को जिला पंचायत के जेई सचिन त्रिपाठी एवं त्रिलोक सिंह भंडारी स्थलीय निरीक्षण कराने पहुंचे तो एसोसिएशन के महासचिव भास्कर चुग और अध्यक्ष अरविंद शर्मा, जिला पंचायत सदस्य धीरज बॉबी नौटियाल व अन्य जन प्रतिनिधि और ग्रामीण भी उपस्थित हुए जिनकी मौजूदगी में जिला पंचायत के अधिकारियों ने वास्तविक रूप से मौके का अवलोकन किया जहाँ उक्त सड़क गायब मिली।

यह भी पढ़ें👉  Big breaking:-क्या भास्कर पांडेय की गिरफ्तारी के बाद हो गया उत्तराखंड में माओवाद का खात्मा , 17 सालो में इतने माओवादी हुए गिरफ्तार

ऐसे में स्थलीय अवलोकन के बाद जिला पंचायत के अधिकारी जेई त्रिलोक सिंह भंडारी ने एसोसिएशन महासचिव भास्कर चुग को बकायदा लिख कर दिया कि मौके पर सड़क निर्माण का कोई कार्य नहीं हुआ है l
ऐसे में सवाल उठता है की जब सड़क निर्माण हुआ ही नहीं तो आखिर ठेकेदार को बिना कार्य किए दो लाख 40 हज़ार का पेमेंट किस आधार पर जिला पंचायत द्वारा कर दिया गया? जबकि जिला पंचायत एक्ट में प्रावधान है कि यदि कोई कार्य चल रहा है तो उसका रनिंग पेमेंट जितना कार्य हुआ है उसका 90 % तक किया जा सकता है l परंतु इस प्रकरण में तो एक परसेंट भी कार्य नहीं हुआ है फिर भी इतना पेमेंट किस अधिकारी की संस्तुति पर किस अधिकारी ने किया लिहाजा यह मामला बहुत बड़े भ्रष्टाचार की ओर इशारा कर रहा है l

यह भी पढ़ें👉  Big breaking:-आयुर्वेद विभाग में चिकित्सकों और फार्मासिस्टों के खाली पदों को भरने के मामले में PMO से आया पत्र , जानिए क्या है मामला

भास्कर चुग ने जिला पंचायत के इस मामले में इस तरह के अन्य कई भ्रष्टाचार के मामले होने की संभावना जताई है। भास्कर चुग ने कहा कि सवाल यह है कि जब कार्य हुआ ही नहीं तो कैसे एक ठेकेदार को पेमेंट कर दिया गया फिर अगले वर्ष दूसरे ठेकेदार के नाम इसी कार्य का बांड आखिर जिला पंचायत में कैसे कर दिया गया।

यह भी पढ़ें👉  Big breaking:-इस जिले से हो गया कई दरोगाओं का ट्रांसफर

एसोसिएशन के महासचिव भास्कर चुग ने कहा कि अगर जल्दी ही दोषियों पर कड़ी कार्यवाई नहीं होती है तो एसोसिएशन माननीय उच्च न्यायालय नैनीताल के समक्ष जनहित याचिका दायर करने को बाध्य होगी

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

To Top